
करनाल जिला पुलिस करनाल के एंटी ऑटो व्हीकल थेफ्ट स्टाफ ने वाहन चोरों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने एक शातिर अंतर-जिला वाहन चोर को गिरफ्तार कर उसके कब्जे और निशानदेही से चोरी की 5 मोटरसाइकिलें और 1 एक्टिवा स्कूटी बरामद की है। यह पूरी कार्रवाई एंटी ऑटो व्हीकल थेफ्ट स्टाफ इंचार्ज इंस्पेक्टर सुरेंद्र कुमार के नेतृत्व में एएसआई (ASI) सुरेश गहलावत की टीम द्वारा अंजाम दी गई।
यमुनानगर का रहने वाला है शातिर चोर, गुप्त सूचना पर सेक्टर-4 से दबोचा
गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान वाहिद हसन (पुत्र साहिद हसन) के रूप में हुई है, जो कि यमुनानगर के थाना सदर के अंतर्गत आने वाले गांव छोटा लापरा का निवासी है। जांच अधिकारी एएसआई सुरेश गहलावत ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि 06 जुलाई 2026 को पुलिस को आरोपी के संबंध में एक गुप्त सूचना मिली थी। इसी सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने आरोपी वाहिद हसन को करनाल के सेक्टर-4 स्थित ग्रीन बेल्ट से दबोच लिया।
पकड़े जाने के वक्त आरोपी के पास थाना सिविल लाइन करनाल क्षेत्र से चोरी की गई एक मोटरसाइकिल बरामद हुई, जिसके संबंध में पहले से ही मुकदमा नंबर 406 (दिनांक 27/06/2026) दर्ज था।
पूछताछ में खुले कई राज: करनाल के अलग-अलग थानों की 6 वारदातें सुलझीं
पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद जब आरोपी से गहनता और कड़ाई से पूछताछ की गई, तो उसने करनाल शहर में दुपहिया वाहन चोरी के कई मामलों का खुलासा किया। आरोपी वाहिद हसन की निशानदेही पर पुलिस ने 3 अन्य मोटरसाइकिलें और 1 चोरीशुदा एक्टिवा बरामद करने में सफलता पाई। आरोपी की गिरफ्तारी से करनाल के अलग-अलग थानों में दर्ज कुल 6 मुकदमों का पर्दाफाश हुआ है:
- थाना सिविल लाइन करनाल का मुकदमा नंबर 406 (दिनांक 27/06/2026)
- थाना सेक्टर 32-33 करनाल का मुकदमा नंबर 236 (दिनांक 08/06/2026)
- थाना सेक्टर 32-33 करनाल का मुकदमा नंबर 225 (दिनांक 04/06/2026)
- थाना शहर करनाल का मुकदमा नंबर 241 (दिनांक 16/04/2026)
- थाना शहर करनाल का मुकदमा नंबर 219 (दिनांक 07/04/2026)
- थाना शहर करनाल का मुकदमा नंबर 429 (दिनांक 22/06/2026)
नशे की लत और महंगे शौक ने बनाया चोर, पहले भी जा चुका है जेल
पुलिस जांच और पूछताछ में यह बात सामने आई है कि आरोपी वाहिद हसन को नशे की गंभीर लत है। वह अपने महंगे शौक पूरे करने, ऐश-ओ-आराम की जिंदगी जीने और जल्दी अमीर बनने के लालच में दुपहिया वाहनों को निशाना बनाता था। आरोपी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड खंगालने पर पता चला कि वह एक पेशेवर अपराधी है।
उसके खिलाफ पहले भी करनाल, पानीपत, अंबाला और यमुनानगर जिलों में चोरी और गौ-तस्करी (Cattle Smuggling) के कई गंभीर मामले दर्ज हैं। वह पहले भी जेल की हवा खा चुका है और जमानत पर बाहर आने के बाद माननीय अदालत में पेश न होकर फरार चल रहा था। पुलिस ने कानूनी कार्रवाई पूरी कर आरोपी को आज अदालत में पेश किया, जहां से माननीय न्यायालय के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत (जेल) में भेज दिया गया है।